जलाशयों के आसपास PPP मॉडल में इको टूरिज्म विकसित करे- मुख्यमंत्री
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आज लोक सेवक आवास, 1 अणे मार्ग स्थित 'संकल्प' सभागार में इको टूरिज्म से संबंधित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की।
पटना: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आज लोक सेवक आवास, 1 अणे मार्ग स्थित 'संकल्प' सभागार में इको टूरिज्म से संबंधित उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की।
बैठक में पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अपर मुख्य सचिव आनंद किशोर तथा जल संसाधन विभाग विभाग के सचिव डॉ० चन्द्रशेखर सिंह ने इको टूरिज्म के विकास को लेकर अपने-अपने विभाग की कार्य योजना एवं प्रस्ताव के संबंध में विस्तृत जानकारी दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के जो भी जलाशय हैं उसके आसपास पी०पी०पी० मॉडल में इको टूरिज्म विकसित करें, जहां बेहतर पर्यटकीय सुविधा उपलब्ध हो।
इस संबंध में लोगों से बात कर उनका भी सुझाव लें। पर्यटकों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुये तथा उन्हें प्रोत्साहित करने हेतु पर्यटन पैकेज जल्द तैयार करें ताकि पर्यटक उसका आनंद उठा सकें।
इससे स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी और लोगों को रोजगार के अवसर सृजित होंगे। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य राज्य को पर्यटन क्षेत्र में आगे ले जाना है। पर्यटन के विकास की अन्य संभावित क्षेत्रों पर तेजी से काम करना है।
राज्य में अध्यात्मिक, सांस्कृतिक एवं इको टूरिज्म की काफी संभावनायें हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार के जो भी तालाब एवं जलाशय हैं उसके चारों तरफ पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग पौधारोपण कराए और पर्यटकीय सुविधा विकसित करें।
सभी वेटलैंड क्षेत्र को सिस्टमैटिक कर उसके आसपास पौधारोपण कराएं। इससे राज्य का हरित आवरण क्षेत्र बढ़ेगा, साथ ही जल संरक्षण में भी सहूलियत होगी।
बैठक में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अपर मुख्य सचिव आनंद किशोर, पर्यटन विभाग के सचिव सह मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी गोपाल सिंह, जल संसाधन विभाग के सचिव डॉ० चंद्रशेखर सिंह सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे। पटना से एनबीसी 24 के लिए कुमार गौतम की रिपोर्ट।